
🪷 !! “प्रेम जगत का सार” !! 🪷
- Radha Shri Sharma
- 24/05/2024
- लघुकथा
- लघुकथा
- 1 Comment
*”रे मनवा! प्रेम जगत कौ सार।” इसी तथ्य को सिद्ध करती है हमारी आज की कहानी “प्रेम जगत का सार”*
Continue ReadingDark
Auto
Light
Dark
Auto
Light

*”रे मनवा! प्रेम जगत कौ सार।” इसी तथ्य को सिद्ध करती है हमारी आज की कहानी “प्रेम जगत का सार”*
Continue Reading
अल्हड़ कल्पना में खोई लड़की।
Continue Reading
सुख का रहस्य
Continue Reading
सोरठी, दो स्त्रियों के एक होने की कहानी।
Continue Reading
खोई हवाऐं
Continue Reading
शोर्ट स्टोरी
Continue Reading
“चांदनी, अगर तुम नहीं चाहती थी।” केशव ने दुल्हन बनी चांदनी से धीमी आवाज में प्रश्न किया। “तो फिर तुमने मुझसे शादी क्यों की?” आज केशव और चांदनी की शादी के बाद पहली रात है। प्रथम स्पर्श के रंगीन सपने संजोए केशव जब चांदनी के पास पहुंचा तो चांदनी ने अपने अतीत को …
Continue Reading
आधा सच, जिंदगी में आने वाले उतार चढ़ाव की हकीकत।
Continue Reading
सारी खुशियां
Continue Reading
लाड की खुश्बू
Continue Reading